बिजली बिल चुकाने के लिए बासौदा की लाड़ली बहना को बेचनी पड़ी अपनी पायल

गंजबासौदा : गंजबासौदा में स्मार्ट मीटर के जरिए एक साथ सैकड़ों घरों की बिजली काटे जाने का मामला अब गंभीर रूप लेता जा रहा है। बिजली कटौती से परेशान लोगों के समर्थन में मंगलवार को युवा कांग्रेस ने विद्युत मंडल कार्यालय का घेराव कर जमकर नारेबाजी और धरना प्रदर्शन किया।
युवा कांग्रेस ने दिया धरना
धरने के दौरान युवा कांग्रेस अध्यक्ष के नेतृत्व में कार्यकर्ता विद्युत विभाग के अधिकारियों के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे लगाते नजर आए। युवा कांग्रेस का आरोप है कि विद्युत विभाग का एक अधिकारी गरीब उपभोक्ताओं से अभद्र भाषा में बात करता है और धमकी भरे रवैये के साथ व्यवहार करता है। उनका कहना है कि ऐसे अधिकारी का गंजबासौदा में बने रहना आम जनता के हित में नहीं है।
अधिकारी को हटाने की मांग
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से मांग की कि संबंधित अधिकारी को तत्काल गंजबासौदा से हटाया जाए। युवा कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो यह आंदोलन अनिश्चितकालीन धरने में तब्दील किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग की होगी।
पीड़ित बुजुर्ग महिला की दर्दनाक कहानी
धरना स्थल पर एक पीड़ित बुजुर्ग महिला ने अपनी व्यथा सुनाते हुए बताया कि उसे बिजली का बिल चुकाने के लिए अपनी पायल तक बेचनी पड़ी। महिला ने सवाल उठाया कि जब उसकी ऐसी हालत है तो गंजबासौदा क्षेत्र के अन्य गरीब उपभोक्ता आखिर क्या बेचकर बिजली का बिल भरेंगे। स्मार्ट मीटर के जरिए एक बटन दबाते ही बिजली काट दिए जाने से कई घरों में अंधेरा छा गया है।
विद्युत विभाग का सख्त रुख
वहीं इस पूरे मामले में जब विद्युत विभाग के अधिकारी से संपर्क किया गया तो उन्होंने स्पष्ट कहा कि जो उपभोक्ता बिजली का बिल जमा नहीं करेंगे, उनकी बिजली इसी तरह काटी जाएगी और यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। स्मार्ट मीटर और बिजली कटौती को लेकर गंजबासौदा में बढ़ता असंतोष अब प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है।



